हंगरी के एओत्वोश लोरांड विश्वविद्यालय (ELTE) के शोधकर्ताओं को सांख्यिकीय प्रमाण मिले हैं कि आकाशगंगाओं के केंद्र में स्थित कुछ अतिविशाल ब्लैक होल बनने के बाद अपनी जगह से बाहर धकेल दिए जाते हैं। अध्ययन Monthly Notices of the Royal Astronomical Society में प्रकाशित हुआ।
टीम ने स्लोन डिजिटल स्काई सर्वे के लगभग 1 लाख क्वेसारों का विश्लेषण किया। तेज़ गति वाले ब्लैक होल वाले क्वेसार अधिक लाल दिखते हैं, जो आसपास अधिक धूल का संकेत है। इस संबंध की भविष्यवाणी 2016 में पेटर राफ़ाई, ज़ोल्टान हाइमन और ज़्सोल्ट फ़्रेई ने की थी।
लेखक मानते हैं कि अन्य भौतिक प्रक्रियाओं को पूरी तरह खारिज नहीं किया जा सकता। यह काम 2035 के लिए नियोजित अंतरिक्ष गुरुत्व-तरंग वेधशाला LISA की तैयारी में मदद करता है।


